अहमदाबाद: गुजरात में अपराध के खिलाफ सख्त कार्रवाई के तहत अहमदाबाद के धंधुका इलाके में प्रशासन ने बुलडोजर कार्रवाई करते हुए 15 अवैध मकानों को गिरा दिया गया। जिन मकानों को गिराया गया, उनमें धर्मेश मामरा मर्डर केस के मुख्य आरोपी रिजवान का घर भी शामिल है। गुजरात के डिप्टी चीफ मिनिस्टर हर्ष सांघवी ने साफ कहा कि सरकार अपराधियों के खिलाफ बुलडोजर एक्शन लेने में कोई संकोच नहीं करेगी। उन्होंने कहा कि 'आज धंधुका में जो कार्रवाई हुई है, उससे कुछ लोगों को परेशानी हो सकती है, लेकिन इससे कोई फर्क नहीं पड़ेगा। अपराधियों और अवैध कब्जा करने वालों की संपत्ति पर बुलडोजर चलता रहेगा।'
भारी पुलिस बल की हुई थी तैनाती
प्रशासन की टीम ने खाटकीवास में 4 और धंधुका-बागदोरा हाईवे पर बने 4 अवैध मकानों को गिराया। कुल मिलाकर 15 अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाया गया। कार्रवाई के दौरान किसी भी तरह की गड़बड़ी की आशंका को देखते हुए इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया था। बता दें कि 3 दिन पहले अहमदाबाद में बाइक ओवरटेक करने को लेकर रिजवान और समीर का धर्मेश मामरा से विवाद हो गया था। इसी दौरान दोनों ने धर्मेश पर चाकू से हमला कर दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। इस घटना के बाद धंधुका इलाके में भारी हंगामा, आगजनी और तोड़फोड़ हुई थी। हालांकि पुलिस ने दोनों आरोपियों, रिजवान और समीर को गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन स्थानीय लोग आरोपियों के घरों पर बुलडोजर चलाने की मांग कर रहे थे।
'सारे अवैध निर्माण, नोटिस दी गई थी'
प्रशासन का कहना है कि जिन मकानों पर कार्रवाई की गई, वे अवैध निर्माण थे और उन्हें पहले ही नोटिस दिया जा चुका था। नोटिस के बाद भी अवैध निर्माण नहीं हटाए जाने पर यह कदम उठाया गया। अहमदाबाद के एसडीएम विद्यासागर ने स्पष्ट किया कि इस कार्रवाई का स्थानीय निकाय चुनाव से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने कहा कि प्रशासन सिर्फ अवैध कब्जों को हटाने और अपराधियों की संपत्तियों को चिन्हित करने का काम कर रहा है। गौरतलब है कि हाल ही में अहमदाबाद में अवैध कॉलोनियों पर भी बुलडोजर कार्रवाई हुई थी, जिसका कांग्रेस नेताओं ने विरोध किया था। वहीं, असदुद्दीन ओवैसी ने सूरत में चुनाव प्रचार के दौरान इस कार्रवाई को मुसलमानों को डराने की साजिश बताया था।
'पूरे गुजरात की जनता सच्चाई जानती है'
विपक्ष के आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए हर्ष सांघवी ने कहा, 'कुछ गुंडा तत्वों ने अवैध निर्माण कर लोगों की जमीन पर कब्जा किया है और गलत कामों में उसका इस्तेमाल कर रहे हैं। जब उन पर कार्रवाई होती है तो कुछ राजनीतिक दलों को परेशानी होती है, लेकिन पूरे गुजरात की जनता सच्चाई जानती है। आज बुलडोजर धंधुका पहुंचा है, आगे जहां भी जरूरत होगी, यह कार्रवाई जारी रहेगी। हम किसी भी जगह को नहीं छोड़ेंगे।' गुजरात में स्थानीय निकाय चुनाव के बीच इस कार्रवाई को राजनीतिक नजरिए से भी देखा जा रहा है। हालांकि सरकार का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और अवैध निर्माण हटाने के लिए ऐसे कदम जरूरी हैं और ये उठाए जाते रहेंगे।